पाकिस्तान में पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के संस्थापक इमरान खान की रिहाई की मांग को लेकर राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। PTI समर्थकों ने इस्लामाबाद की ओर मार्च शुरू किया है, जिसके बाद राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। सड़कों पर कंटेनर लगाकर कई रास्ते बंद किए गए हैं और पुलिस बल की तैनाती बढ़ा दी गई है। ताजा रिपोर्टों के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच टकराव की स्थिति भी बनी है।
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बातचीत विफल होने के बाद शुरू हुआ मार्च
PTI और पाकिस्तान सरकार के बीच इमरान खान से मुलाकात और अन्य मुद्दों को लेकर बातचीत हुई, लेकिन दोनों दौर की वार्ता में कोई समाधान नहीं निकल सका। इसके बाद PTI ने इस्लामाबाद की ओर मार्च आगे बढ़ाने का फैसला किया। डॉन के मुताबिक, बातचीत में इमरान खान तक पहुंच और खैबर पख्तूनख्वा में आतंकवाद से जुड़ी नीतियां प्रमुख विवादित मुद्दे रहे।
4 अक्टूबर को खैबर पख्तूनख्वा से PTI समर्थकों का काफिला इस्लामाबाद की ओर बढ़ना शुरू हुआ। अंतरराष्ट्रीय रिपोर्टों के अनुसार, शुरुआती काफिले में करीब 5 हजार समर्थक शामिल थे। पार्टी ने आगे चलकर बड़ी संख्या में समर्थकों के राजधानी पहुंचने का आह्वान किया है।
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इस्लामाबाद में रास्ते बंद, सुरक्षा बढ़ाई गई
प्रदर्शन को रोकने के लिए पाकिस्तान सरकार ने इस्लामाबाद के प्रवेश मार्गों और शहर के भीतर कई महत्वपूर्ण सड़कों पर कंटेनर लगाए हैं। पुलिस और अन्य सुरक्षा बलों की तैनाती भी बढ़ाई गई है। कई इलाकों में मोबाइल फोन सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं। पुलिस ने PTI समर्थकों की गिरफ्तारियों की पुष्टि की है।
रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, राजधानी की ओर जाने वाले मार्गों को बंद करने के लिए बड़ी संख्या में मालवाहक कंटेनरों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इससे पाकिस्तान के परिवहन और माल ढुलाई क्षेत्र पर भी असर पड़ा है। रिपोर्ट के अनुसार, सितंबर में 2 हजार से अधिक वाहनों को कंटेनर ले जाने के लिए इस्तेमाल किया गया था।
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PTI समर्थकों की क्या मांग है?
PTI का मुख्य मुद्दा इमरान खान की रिहाई है। प्रदर्शनकारी उनके परिवार और चिकित्सकों से मुलाकात की अनुमति तथा उन्हें अस्पताल में स्थानांतरित किए जाने की मांग भी कर रहे हैं। PTI का कहना है कि सरकार ने बातचीत के जरिए समाधान निकालने की कोशिशों के बावजूद उनकी मांगों पर पर्याप्त प्रगति नहीं की।
वहीं, पाकिस्तान सरकार का कहना है कि मौजूदा सुरक्षा परिस्थितियों में राजधानी में बड़े पैमाने पर मार्च की अनुमति देना कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती पैदा कर सकता है। सरकार ने PTI से मार्च स्थगित करने की अपील भी की थी।
इमरान खान 2023 से जेल में
इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में हैं। वह भ्रष्टाचार समेत कई मामलों में कानूनी कार्रवाई का सामना कर रहे हैं। खान और उनकी पार्टी लंबे समय से इन मामलों को राजनीतिक रूप से प्रेरित बताते रहे हैं, जबकि पाकिस्तान सरकार इन आरोपों से इनकार करती है।
बता दे कि अभी PTI का मार्च जारी है और सुरक्षा बल राजधानी में प्रदर्शनकारियों की एंट्री रोकने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में इस्लामाबाद में सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक तनाव दोनों बढ़े हुए हैं। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए कार्यकर्ताओं की संख्या को लेकर अलग-अलग दावे सामने आए हैं, दो हजार गिरफ्तारियों का आंकड़ा उपलब्ध स्वतंत्र रिपोर्टों से अभी स्पष्ट रूप से सत्यापित नहीं है।





