मिडिल ईस्ट में तनाव शांति का नाम ही नहीं ले रहा है। हाल ही में खबर आ रही है कि अमेरिकी सेना ने ईरानी तेल टैंकरों को निशाना बनाया है। इस बात की पुष्टि ईरानी मीडिया ने भी की है जिसमें उन्होंने बताया कि खार्ग आइलैंड के पास ईरान का तेल ले जा रहे टैंकर पर अमेरिका ने चार मिसाइलें दागीं।
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मिसाइलों की आवाज दूर तक सुनाई दी थी। हालांकि, अमेरिकी या ईरानी अधिकारियों की ओर से टैंकर पर मिसाइल हमले की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के पिकैक्स माउंटेन परमाणु ठिकाने को निशाना बनाने की फिर से चेतावनी दी है।
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ईरान के पिकैक्स माउंटेन को लेकर ट्रंप का बड़ा बयान
बता दें कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को ईरान के पिकैक्स माउंटेन पर जोरदार हमले की चेतावनी दी थी। ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि अमेरिकी खुफिया एजेंसियां इस ठिकाने पर होने वाली गतिविधियों पर नजर रख रही हैं। अगर किसी तरह की भी गतिविधि दिखाई दी तो हमला हो सकता है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान से लड़ते हुए उन्हें पूरे पांच महीने हो गए हैं और पिछले पांच महीनों से अमेरिकी सेना ईरान पर लगातार सैन्य कार्रवाई की है जिसका सबसे बड़ा मकसद ईरान को परमाणु हथियार बनाने से रोकना है।
डोनाल्ड ट्रंप ने जिस माउंटेन पर हमला करने के दावे किये है वह ईरान के नतांज यूरेनियम संवर्धन केंद्र के पास है। अमेरिकी हमलों ने पहले ही नतांज पर भारी नुकसान पहुंचाया है। पिकैक्स जमीन के अंदर बना बेहद मजबूत और सुरक्षित परिसर है। इसमें जमीन के काफी नीचे दो बड़े सुरंग सिस्टम बताए जाते हैं।
इजराइली खुफिया अधिकारियों का मानना है कि ईरान ने हजारों सेंट्रीफ्यूज इस गहरे भूमिगत ठिकाने पर पहुंचा दिए हैं। इसी बात को मद्देनजर रखते हुए अमेरिका ईरान को पिकैक्स माउंटेन पर भीषण हमला कर ईरान को नुकसान पहुंचना चाहते हैं।
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खार्ग आइलैंड क्यों है जरूरी?
खार्ग आइलैंड ईरान के लिए सिर्फ एक छोटा द्वीप नहीं, बल्कि उसके तेल कारोबार का बेहद अहम हिस्सा है। फारस की खाड़ी में मौजूद इस द्वीप से ईरान का बड़ा हिस्सा कच्चा तेल बाहर भेजा जाता है। यहां से ईरान के करीब 90% तेल का निर्यात होता है। इसलिए तनाव बढ़ने से ईरान की तेल से होने वाली कमाई अचानक गिर सकती है।
ट्रंप ने सोशल मीडिया पर खार्ग आइलैंड को लेकर बेहद आक्रामक बयान दिया था और दावा किया था कि द्वीप को तबाह किया जा रहा है। अब खार्ग के पास नए धमाकों की खबर सामने आने के बाद इस पुराने बयान को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
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ईरान ने अमेरिकी हमलों की निंदा की
ईरान पर किए गए हालिया हमलों की ईरान ने कड़ी निंदा करते हुए कहा कि ईरान ने अमेरिका पर उसकी संप्रभुता का उल्लंघन करने और कई प्रांतों में गैर-सैन्य बुनियादी ढांचे और नागरिक ठिकानों को निशाना बनाया है। इसके अलावा यह भी पुष्टि की जा रही है कि ईरान के हमलों के खिलाफ सेना ने अमेरिका के खिलाफ जोरदार रक्षात्मक हमले किए हैं।
इसके अलावा अमेरिका सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने भी बताया कि, पिछले हफ्ते किए गए हमलों में ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से जुड़े ठिकानों को निशाना बनाया गया है इनमें एयर डिफेंस सिस्टम, रडार सिस्टम, समुद्री सैन्य उपकरण, समुद्र में बारूदी सुरंगें बिछाने की क्षमता और संचार से जुड़े ठिकाने शामिल थे। अमेरिकी सेना का कहना है कि उसने नागरिकों को निशाना नहीं बनाया।





